फ्लिपकार्ट का मूल्यांकन 3,600 अरब रुपये से अधिक हुआ, ESOP बायबैक के बाद आया उछाल
क्या है खबर?
दिग्गज ई-कॉमर्स कंपनी फ्लिपकार्ट के मूल्यांकन में बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मनीकंट्रोल की रिपोर्ट के अनुसार, वॉलमार्ट के स्वामित्व वाली फ्लिपकार्ट का अनुमानित मूल्यांकन बढ़कर अब 38.2 अरब डॉलर (लगभग 3,650 अरब रुपये) पहुंच गया है। यह मई, 2024 में हुए 36 अरब डॉलर के मूल्यांकन से करीब 6 प्रतिशत अधिक है। कर्मचारियों के ESOP बायबैक कार्यक्रम के दूसरे चरण के बाद यह अनुमान सामने आया है। हालांकि, कंपनी ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
अनुमान
ESOP बायबैक पूरा होने के बाद बढ़ा अनुमान
रिपोर्ट के मुताबिक, फ्लिपकार्ट ने करीब 5 करोड़ डॉलर (लगभग 480 करोड़ रुपये) के दो चरणों वाले कर्मचारी शेयर बायबैक कार्यक्रम को पूरा किया है। पहला चरण जुलाई, 2025 में शुरू हुआ था, जबकि दूसरा चरण कंपनी के तय प्रदर्शन लक्ष्य पूरे होने के बाद लागू किया गया। ग्रुप CEO कल्याण कृष्णमूर्ति ने कर्मचारियों को बताया कि सभी जरूरी लक्ष्य पूरे हो गए हैं, जिससे पात्र कर्मचारी अपने वेस्टेड शेयरों का एक और हिस्सा बेच सकेंगे।
बदलाव
स्थायी पता बदलने से शेयरों की वैल्यू में आया बदलाव
कंपनी ने अपना स्थायी पता सिंगापुर से भारत में स्थानांतरित किया है। इसके बाद कर्मचारियों के स्टॉक ऑप्शन भारतीय कंपनी के शेयरों में बदल दिए गए। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले साल प्रति ऑप्शन प्रभावी बायबैक कीमत करीब 672 रुपये थी, जबकि इस बार यह बढ़कर लगभग 713.4 रुपये हो गई। इसी आधार पर फ्लिपकार्ट की अनुमानित वैल्यूएशन करीब 38.2 अरब डॉलर आंकी गई है, जो पिछले अनुमान से अधिक है।
IPO
IPO की तैयारी फिलहाल टली
फ्लिपकार्ट के इस ESOP बायबैक से कर्मचारियों के लिए अब तक 1.5 अरब डॉलर से अधिक की कुल लिक्विडिटी तैयार हो चुकी है। कंपनी 2017 से कई बार ऐसे बायबैक कार्यक्रम चला चुकी है। हालांकि, हाल ही में आई रिपोर्ट के अनुसार फ्लिपकार्ट ने फिलहाल अपने IPO और नए प्राइवेट फंड जुटाने की योजना टाल दी है। ऐसे में कर्मचारियों के लिए यह बायबैक कार्यक्रम बड़ा राहतभरा कदम माना जा रहा है।