क्रेडिट कार्ड EMI या पर्सनल लोन, बड़ी खरीदारी के लिए कौन सा विकल्प सही?
क्या है खबर?
बड़ी खरीदारी के लिए लोग अक्सर क्रेडिट कार्ड EMI और पर्सनल लोन में से किसी एक विकल्प को चुनते हैं। क्रेडिट कार्ड की योग्य खरीदारी को किश्तों में बदलने के लिए अलग से लोन आवेदन नहीं करना पड़ता। वहीं, पर्सनल लोन में रकम सीधे खाते में मिल सकती है और उसे अलग-अलग खर्चों में इस्तेमाल किया जा सकता है। इन दोनों विकल्पों की ब्याज दर, शुल्क, अवधि और कुल भुगतान अलग हो सकता है।
#1
छोटी खरीदारी में क्रेडिट कार्ड EMI उपयोगी
टेलीविजन, लैपटॉप, मोबाइल, फर्नीचर और घरेलू सामान जैसी छोटी या मध्यम खरीदारी के लिए क्रेडिट कार्ड EMI सुविधाजनक हो सकती है।
बैंक और दुकानदार कई बार नो-कॉस्ट EMI का विकल्प देते हैं। हालांकि, इसे चुनने से पहले प्रोसेसिंग फीस, GST और छूट की शर्तें जरूर देखें।
कई बार नो-कॉस्ट EMI लेने पर तुरंत मिलने वाला डिस्काउंट नहीं मिलता है। ऐसे में केवल आसान किश्त देखकर फैसला करना सही नहीं होगा।
#2
बड़े खर्च में पर्सनल लोन पर विचार करें
अगर खर्च बड़ा है या खरीदारी क्रेडिट कार्ड से नहीं की जा सकती, तो पर्सनल लोन पर विचार किया जा सकता है।
इसकी ब्याज दर आपकी आय, क्रेडिट इतिहास और पुराने कर्ज पर निर्भर करती है। लंबी अवधि चुनने से मासिक EMI कम हो सकती है, लेकिन कुल ब्याज बढ़ सकता है।
आवेदन से पहले प्रोसेसिंग फीस, ब्याज, भुगतान अवधि और प्रीपेमेंट शुल्क जोड़कर पूरी लागत समझना जरूरी है।
#3
कम EMI नहीं, कुल खर्च देखकर चुनें
किसी विकल्प को चुनते समय सिर्फ मासिक EMI की तुलना नहीं करनी चाहिए। कम EMI के साथ लंबी अवधि होने पर भुगतान ज्यादा हो सकता है।
क्रेडिट कार्ड की बड़ी खरीदारी से उपलब्ध लिमिट भी कम हो सकती है और क्रेडिट प्रोफाइल पर असर पड़ सकता है। अगर पूरा कार्ड बिल चुकाने में परेशानी है, तो दोनों विकल्पों की कुल लागत जांचें।
छोटी खरीदारी में कम शुल्क वाली कार्ड EMI और बड़े खर्च में उचित ब्याज वाला लोन सही होगा।