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खाड़ी देशों से 21,000 से अधिक पाकिस्तानी नागरिकों को निर्वासित किया गया, 472 भिखारी शामिल
खाड़ी देशों से 21,000 से अधिक पाकिस्तानी नागरिकों को निर्वासित किया गया

खाड़ी देशों से 21,000 से अधिक पाकिस्तानी नागरिकों को निर्वासित किया गया, 472 भिखारी शामिल

लेखन गजेंद्र
Aug 21, 2026
06:57 pm

क्या है खबर?

पाकिस्तान की नेशनल असेंबली में गुरुवार को बताया गया कि खाड़ी देशों से पाकिस्तान के 21,951 नागरिकों को कई कारणों से वापस भेज दिया गया है। प्रश्नकाल के दौरान सांसद हमीद हुसैन द्वारा उठाए गए प्रश्नों के जवाब में मादक पदार्थ नियंत्रण मंत्रालय ने बताया कि यह आंकड़ा 1 मार्च से 13 जुलाई, 2026 के बीच का है। उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी नागरिकों को सबसे अधिक सऊदी अरब निर्वासित किया जा रहा है। निर्वासित नागरिकों में भिखारी भी शामिल हैं।

आंकड़ा

सऊदी अरब से 15,500 लोग निर्वासित

डॉन अखबार के मुताबिक, सऊदी अरब से 15,500, UAE से 3,803, ओमान से 1,606, बहरीन से 521, कतर से 429 और कुवैत से 97 पाकिस्तानियों को निर्वासित किया गया।

सऊदी अरब ने सबसे अधिक 3,921 और उसके बाद UAE ने 636 भगोड़े पाकिस्तानी नागरिकों को निष्कासित किया।

सऊदी अरब ने अवैध रूप से प्रवेश करने वाले 1,924, UAE ने 347 और ओमान ने अवैध रूप से प्रवेश करने और रहने के आरोप में 295 लोगों को निर्वासित किया है।

आरोप

खाड़ी देशों से 472 भिखारी वापस भेजे गए

रिपोर्ट के मुताबिक, खाड़ी देशों से कुल 4,628 भगोड़ों को वापस और 1,294 लोगों को जेल भेजा गया। खाड़ी देशों से 472 पाकिस्तानी भिखारियों को भी निर्वासित किया गया।

इस्लामिक देशों ने 1,155 लोगों को पासपोर्ट खो जाने और 689 पाकिस्तानियों को वीजा उल्लंघन के मामले में निर्वासित किया है।

कुल 342 लोगों को प्रवेश देने से मना किया और 6,662 लोगों को अन्य श्रेणी के तहत वापस भेजा गया है। हालांकि, यह अन्य श्रेणी का अपराध नहीं बताया गया।

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सूचना

पाकिस्तानी दूतावास ने भिखारियों के लिए जारी की थी सूचना

पिछले दिनों सऊदी अरब में स्थित पाकिस्तानी दूतावास ने अपने देश से आने वाले भिखारियों के लिए एक सूचना जारी की थी।

दूतावास ने कहा था कि उमराह के बहाने सऊदी अरब आकर भीख मांगना या ऐसी किसी गतिविधि में शामिल होना कानूनन अपराध है।

दूतावास ने कहा कि सऊदी में भीख मांगना, उधार देना, पैसे बांटना या बाल काटना पूरी तरह प्रतिबंधित है, जिसके लिए पकड़े जाने पर जेल या निर्वासन की सजा मिल सकती है।

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ट्विटर पोस्ट

सऊदी अरब स्थित पाकिस्तानी दूतावास ने भिखारियों के लिए जारी की थी सूचना

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