CDS जनरल अनिल चौहान बोले- 'ऑपरेशन तिरंगा' से एक होंगी सेना की तीनों शाखाएं
भारत अपनी रक्षा रणनीति में बड़े बदलाव करने की तैयारी में है और इसे 'ऑपरेशन तिरंगा' नाम दिया गया है। यह 'थिएटर कमांड्स' पर चल रही चर्चा और रिपोर्ट का नाम है, जिसके तहत सेना की तीनों शाखाओं—थल सेना, नौसेना और वायु सेना—को एक ही रीजनल कमांड के दायरे में लाया जाएगा। चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान ने बताया है कि इस पर चर्चा करीब-करीब पूरी हो चुकी है। उन्होंने कहा कि यह योजना जल्द ही सरकार के शीर्ष नेतृत्व के पास मंजूरी के लिए भेजी जाएगी।
तीन थिएटर कमांड्स से बढ़ेगी ऑपरेशंस की रफ्तार
तीन नए थिएटर कमांड बनने वाले हैं। इनमें से एक पाकिस्तान सीमा पर केंद्रित होगा (जयपुर), दूसरा चीन के लिए (लखनऊ) और तीसरा समुद्री क्षेत्र की सुरक्षा के लिए (तिरुवनंतपुरम) होगा। इन तीनों कमांड्स की कमान अपनी-अपनी सेवा, यानी थल सेना, नौसेना या वायु सेना के अनुभवी अधिकारियों के हाथ में होगी।
इसका मुख्य मकसद है कि फैसले तेजी से लिए जा सकें, तीनों सेनाओं के बीच बेहतर तालमेल बन सके और खतरों का जवाब देने में कोई देरी न हो। अगर इस योजना को मंजूरी मिलती है, तो ऑपरेशंस और भी सुचारु हो जाएंगे। साथ ही, सेनाओं के बीच आपसी खींचतान भी कम होगी। कुल मिलाकर, यह भारत की सुरक्षा के लिए एक बेहतर कदम साबित होगा।