मॉर्गेज लोन या पर्सनल लोन में क्या है अंतर? जानिए कौनसा विकल्प आपके लिए है सही
क्या है खबर?
जब अचानक पैसों की जरूरत पड़ती है तो लोगों के बीच इस बात को लेकर संशय रहता है कि पर्सनल लोन या मॉर्गेज लोन में से कौनसा विकल्प चुनना सही रहेगा। दोनों ही विकल्प अलग तरह की जरूरतों और परिस्थितियों के लिए बनाए गए हैं। सही चुनाव आपको वित्तीय बोझ से बचा सकता है। आज हम आपको बता रहे हैं लोन के दोनों विकल्पों में से कोई एक चुनना आपके लिए फायदेमंद हो सकता है।
पर्सनल लोन
क्या होता है पर्सनल लोन?
पर्सनल लोन अनसिक्योर्ड लोन होता है, जिसमें आपको कोई संपत्ति गिरवी नहीं रखनी पड़ती। इसे आप किसी भी व्यक्तिगत खर्च के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं। यह फटाफट मंजूरी, आसान डॉक्युमेंटेशन और लचीलेपन के साथ आता है। बैंक या फिनटेक कंपनियां आपकी आय, क्रेडिट स्कोर और रीपेमेंट क्षमता देखकर मंजूरी देती हैं। यह बिना गारंटी का लोन है, इसलिए इसकी ब्याज दरें (10-24 फीसदी) तक ऊंची होती हैं और रीपेमेंट अवधि आमतौर पर 1 से 5 साल की होती है।
मॉर्गेज लोन
क्या होता है मॉर्गेज लोन?
मॉर्गेज लोन एक सिक्योर्ड लोन होता है, जिसमें आप अपनी प्रॉपर्टी को गारंटी के तौर पर रखते हैं। यह लंबी अवधि (10-30 साल) के लिए मिलता है और ब्याज दर (8-10 फीसदी) कम होती है। अगर, आप घर खरीद रहे हैं, बनवा रहे हैं या मौजूदा लोन को रीफाइनेंस कराना चाहते हैं तो यह सही विकल्प है। इसके साथ आप टैक्स भी बचा सकते हैं। इस लोन को चुकाने में चूक होती है तो आपकी संपत्ति नीलाम हो सकती है।
चुनाव
कैसे करें दोनों में से चुनाव?
पर्सनल लोन और मॉर्गेज लोन में से किसी एक को चुनना आपकी वित्तीय जरूरतों और लक्ष्यों पर निर्भर करता है। अगर, आप संपत्ति खरीदना चाहते हैं या कम ब्याज दर और लंबी चुकौती अवधि के साथ अधिक लोन राशि की आवश्यकता है तो मॉर्गेज लोन अक्सर बेहतर विकल्प होता है। इसके विपरीत, पर्सनल लोन अल्पकालिक वित्तीय जरूरतों के लिए अधिक उपयुक्त है, जिसमें गिरवी रखने की आवश्यकता नहीं होती है या जब आपको तुरंत धन की आवश्यकता होती है।