कॉल सेंटर की नौकरी से व्हाट्सऐप के ग्लोबल CEO तक, कैसा रहा कुणाल शाह का सफर?
क्या है खबर?
भारतीय स्टार्टअप जगत के लिए 22 जून का दिन खास रहा। फिनटेक कंपनी क्रेड के संस्थापक कुणाल शाह को व्हाट्सऐप का नया ग्लोबल CEO बनाया गया है। वह करीब 7 साल तक इस पद पर रहे विल कैथकार्ट की जगह लेंगे। इसी के साथ मेटा ने क्रेड में करीब 90 करोड़ डॉलर (लगभग 8,500 करोड़ रुपये) का निवेश करने का भी ऐलान किया है। यह निवेश कंपनी के करीब 450 करोड़ डॉलर के वैल्यूएशन पर किया जा रहा है।
सफर
अहमदाबाद से मुंबई और फिर कॉर्पोरेट दुनिया तक का सफर
शाह का जन्म गुजरात के अहमदाबाद में हुआ, लेकिन उनकी परवरिश मुंबई में हुई। मुंबई के विल्सन कॉलेज से दर्शनशास्त्र की पढ़ाई करने के बाद उन्होंने MBA की पढ़ाई शुरू की, लेकिन उसे बीच में छोड़ दिया। करियर की शुरुआत में उन्होंने एक कॉल सेंटर में नौकरी की थी। इसी दौरान उन्हें अंतरराष्ट्रीय ग्राहकों, कारोबार की जरूरतों और डिजिटल दुनिया की बदलती मांग को समझने का अनुभव मिला, जिसने आगे उनके उद्यमी बनने की नींव रखी।
फ्रीचार्ज
2010 में शुरू किया फ्रीचार्ज
साल 2010 में शाह ने अपने साथी संदीप टंडन के साथ मिलकर फ्रीचार्ज की शुरुआत की, जो रिचार्ज और अन्य बिलों के भुगतान पर रिवॉर्ड देने के लिए जाना जाता था। कुछ ही वर्षों में यह देश के सबसे लोकप्रिय डिजिटल प्लेटफॉर्म में शामिल हो गया। बाद में ई-कॉमर्स कंपनी स्नैपडील ने इसका अधिग्रहण किया। उस समय यह भारत के सबसे बड़े स्टार्टअप सौदों में से एक माना गया और इससे शाह को नई पहचान मिली।
क्रेड
2018 में शुरू हुई क्रेड
फ्रीचार्ज के बाद शाह ने साल 2018 में क्रेड की स्थापना की। यह प्लेटफॉर्म शुरुआत में समय पर क्रेडिट कार्ड बिल जमा करने वाले ग्राहकों को रिवॉर्ड देने पर केंद्रित था। आज क्रेड के करीब 1.7 करोड़ सदस्य हैं और कंपनी भुगतान, बीमा, निवेश और कर्ज जैसी कई वित्तीय सेवाएं दे रही है। कंपनी का सालाना राजस्व करीब 3,200 करोड़ रुपये तक पहुंच चुका है, जिससे यह भारत की प्रमुख फिनटेक कंपनियों में शामिल हो गई है।
व्हाट्सऐप
अब व्हाट्सऐप की कमान
व्हाट्सऐप का सबसे बड़ा बाजार भारत है और मेटा को उम्मीद है कि भारतीय डिजिटल बाजार की शाह की समझ कंपनी की अगली वृद्धि में मदद करेगी। शुरुआत में वह भारत से काम करेंगे और बाद में अमेरिका के कैलिफोर्निया स्थित मेटा मुख्यालय में अपनी नई जिम्मेदारी संभालेंगे। कॉल सेंटर की नौकरी से शुरुआत करने वाले कुणाल शाह अब सुंदर पिचई, सत्य नडेला और नील मोहन जैसे भारतीय मूल के वैश्विक टेक लीडर्स की सूची में शामिल हो गए हैं।