कौन हैं राज्यसभा सांसद, जिनके बेटे ने हैदराबाद में एस्टन मार्टिन कार से महिला को कुचला?
क्या है खबर?
आंध्र प्रदेश के राज्यसभा सांसद लिंगमनेनी रमेश के बेटे लिंगमनेनी संजुश को लापरवाही से गाड़ी चलाने के मामले में आरोपी बनाया गया है। संजुश ने तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद में इनऑर्बिट मॉल में काम करने वाली 26 वर्षीय भारती मुखी को अपनी तेज रफ्तार एस्टन मार्टिन से कार कुचल दिया था। महिला की मौत हो गई है, जिसके बाद सांसद के बेटे पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है। कौन हैं सांसद रमेश और क्या है घटना? आइए, जानते हैं।
घटना
घटना क्या है?
भारती मुखी माधापुर इलाके में स्थित मॉल में लाइफस्टाइल क्लोथिंग स्टोर में सेल्स एक्जीक्यूटिव थीं। वह 16 अगस्त को दोपहर 3 बजे खाना खाने पास के एक होटल गई थीं।
लौटते समय वह सड़क पार कर रही थीं, तभी लापरवाही से एस्टन मार्टिन चला रहे संजुश ने महिला को टक्कर मार दी। महिला को उसी कार से अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई।
इसके बाद, स्टोर प्रबंधक की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है।
गिरफ्तारी
कौन हैं संजुश?
संजुश के पिता आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण के नेतृत्व वाली जनसेना पार्टी के राज्यसभा सांसद लिंगमनेनी रमेश (53) हैं। वह पेशे से व्यवसायी हैं। रमेश इसी साल राज्यसभा पहुंचे हैं।
संजुय 21 साल की उम्र में संजुश, ऊर्जा और बिजली क्षेत्रों में कार्यरत 2 कंपनियों ब्लैक रिज एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड और कैपिटल एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक हैं।
संजुश ने डलास स्थित टेक्सास विश्वविद्यालय में कंप्यूटर विज्ञान का अध्ययन किया है।
पहचान
कौन हैं सांसद रमेश?
संजुश के पिता रमेश 2015 से जन सेना के पवन कल्याण से साथ जुड़े हैं और अब जाकर राज्यसभा पहुंचे हैं। उनका कारोबार रियल एस्टेट, कंस्ट्रक्शन और इन्फ्रास्ट्रक्चर से जुड़ा है।
चुनावी हलफनामे के अनुसार उनकी घोषित कुल संपत्ति करीब 213.4 करोड़ रुपये है, जबकि देनदारियां लगभग 85.6 करोड़ रुपये की हैं।
उनके ऊपर कुल 9 आपराधिका मामले लंबित हैं, लेकिन दोषसिद्धी नहीं है। उनका नाम मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू को और अमरावती भूमि से जुड़े विवादों में भी आया है।
गिरफ्तार
क्या गिरफ्तार होंगे संजुश?
संजुश के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106(1) के तहत मामला दर्ज है, जो लापरवाही या गैर-इरादतन हत्या न होने पर भी मृत्यु का कारण बनने से संबंधित है, जिसमें 5 साल तक कैद और जुर्माना का प्रावधान है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी नशे में नहीं था और उसके खिलाफ पहले का कोई मामला नहीं है। यह जमानती अपराध है, इसलिए गिरफ्तारी नहीं हुई। आरोपी को नोटिस जारी किया गया है।
कार का मालिक प्राइम हाउसिंग LLP है।