दिग्गज थिएटर निर्देशक विजया मेहता का निधन, अनुपम खेर ने दी भावुक श्रद्धांजलि
क्या है खबर?
मराठी रंगमंच और थिएटर की दिग्गज निर्देशक विजया मेहता अब नहीं रहीं। 91 साल की उम्र में उन्होंने 30 जून की रात करीब 10 से 10:30 बजे अपने मुंबई स्थित घर पर आखिरी सांस ली। वह अपने पीछे एक उल्लेखनीय विरासत छोड़ गई हैं, जिसने भारतीय निर्देशकों, अभिनेताओं और रंगमंच से जुड़े कई लोगों की पीढ़ियों को आकार दिया था। विजया के निधन पर दिग्गज अभिनेता अनुपम खेर ने शोक जताया है और वीडियो के जरिए श्रद्धांजलि दी है।
यादें
अनुपम ने विजया की सादगी और विनम्रता पर डाला प्रकाश
अभिनेता नेसोशल मीडिया पर भावुक वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा, 'विजया मेहता- एक महान हस्ती! उनके निधन की खबर सुनकर गहरा दुख हुआ। भारत के सर्वश्रेष्ठ रंगमंच कलाकारों में से एक, असाधारण फिल्म निर्माता और सबसे बढ़कर, एक अद्भुत इंसान। मुझे राव फिल्म में 'विजया बाई' के साथ काम करने का सौभाग्य मिला था।' अनुपम ने बताया कि वह कभी किसी से ऊंची आवाज में बात नहीं करती थीं। उनकी सादगी, अनुशासन और विनम्रता हमेशा प्रेरणा देती रहेगी।
ट्विटर पोस्ट
यहां देखिए पोस्ट
VIJAYA MEHTA- THE ICONIC LEGEND! 💔
— Anupam Kher (@AnupamPKher) June 30, 2026
Deeply saddened to learn about the passing of #VijayaMehta. One of the finest theatre minds India has ever produced, an exceptional filmmaker, and above all, a remarkable human being.🥹🥹
I had the privilege of working with Vijaya Bai in Rao… pic.twitter.com/lnyOZajOLZ
परिचय
इन शो को निर्देशन कर चुकी थीं विजया
4 नवंबर, 1934 को बड़ौदा (अब वडोदरा) में जन्मी विजया ने मराठी रंगमंच, समानांतर सिनेमा और भारतीय प्रदर्शन कलाओं में अपना अहम योगदान दिया था। उन्होंने 'राव साहब' (1986) और 'पेस्टनजी' (1988) जैसी प्रशंसित फिल्मों का निर्देशन किया। रंगमंच की दुनिया में अपार योगदान के लिए उन्हें 1975 में संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार मिला। 1986 में पद्मश्री से सम्मानित किया गया। उन्हें 2012 में टैगोर रत्न और सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।