Loading...
नेतन्याहू ने ट्रंप के बाद अमेरिका से खतरा बताया, भारत-लैटिन अमेरिका देशों से गठबंधन का आह्वान
नेतन्याहू ने भारत और लैटिन अमेरिकी देशों से साथ आने का आह्वान किया

नेतन्याहू ने ट्रंप के बाद अमेरिका से खतरा बताया, भारत-लैटिन अमेरिका देशों से गठबंधन का आह्वान

लेखन गजेंद्र
Oct 19, 2026
01:21 pm

क्या है खबर?

इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का कार्यकाल खत्म होने के बाद भावी अमेरिकी राष्ट्रपति से इजरायल को खतरा बताया है। उन्होंने चेतावनी दी है कि भविष्य में कोई अमेरिकी राष्ट्रपति इजरायल के प्रति शत्रुतापूर्ण रुख अपना सकता है। नेतन्याहू ने 27 अक्टूबर को इजरायल में होने वाले चुनाव से पहले अपने देश की रणनीतिक स्थिति को मजबूत करने के लिए भारत और लैटिन अमेरिका के देशों के साथ मजबूत गठबंधन बनाने का आह्वान किया है।

चेतावनी

नेतन्याहू ने भारत और लैटिन अमेरिकी देशों को महत्वपूर्ण साझेदार बताया

नेतन्याहू ने सुरक्षा नीति प्रस्तुत कर कहा कि इजरायल को ट्रंप के कार्यकाल का उपयोग द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने और वैकल्पिक अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों का निर्माण करने के लिए करना चाहिए।

उन्होंने भारत को महत्वपूर्ण साझेदार और ब्राजील सहित लैटिन अमेरिका में संभावित राजनीतिक परिवर्तनों को इजरायल के सहयोगी नेटवर्क का विस्तार करने के अवसरों के रूप में इंगित किया।

उन्होंने ऐसी क्षमताओं को विकसित करने की आवश्यकता पर बल दिया जो इजरायल को दुनिया के लिए मूल्यवान बना सकें।

बयान

क्या बोले नेतन्याहू?

नेतन्याहू ने कहा, "दो साल में, कोई भी राष्ट्रपति, चाहे पुरुष हो या महिला, सत्ता में आ सकता है जो इजरायल के प्रति बेहद शत्रुतापूर्ण हो। आप इससे कैसे निपटेंगे? आप अमेरिका के साथ कैसे संबंध स्थापित करेंगे? और इसके अलावा, कौन से समाधान आवश्यक होंगे?"

उन्होंने कहा, "सबसे पहले, हमें इन 2 वर्षों के दौरान और अगले 2 वर्षों के दौरान, अमेरिकी मंच पर, अच्छे और बुरे दोनों समय में, हर संभव प्रयास करना होगा।"

ADVERTISEMENT

बयान

भारत को लेकर क्या बोले नेतन्याहू?

नेतन्याहू ने कहा, "मैं इस समय अपने क्षेत्र और उससे बाहर के कई देशों के साथ इसी पर काम कर रहा हूं। भारत कोई छोटा देश नहीं है, और ऐसे कई अन्य देश भी हैं।"

उन्होंने कहा, "लैटिन अमेरिका में बड़ा बदलाव हो रहा है, और कुछ ही दिनों में ब्राजील में भी बहुत बड़ा परिवर्तन हो सकता है। इजरायल को अपने गठबंधनों का दायरा बढ़ाना चाहिए और ऐसी क्षमताएं विकसित करनी चाहिए जो हमें सभी के लिए मूल्यवान बनाएं।"

ADVERTISEMENT

जांच

क्यों डरे हुए दिख रहे हैं नेतन्याहू?

नेतन्याहू की चेतावनी ने उनके पूर्व अमेरिकी डेमोक्रेट राष्ट्रपति बराक ओबामा और जो बाइडन के साथ उनके तनावपूर्ण संबंधों की याद दिला दी है।

इजरायल के कई विशेषज्ञों का मानना ​​है कि अमेरिका में डेमोक्रेट्स के बीच नेतन्याहू के प्रति बढ़ती निराशा का एक कारण इजरायली प्रधानमंत्री द्वारा पिछले कुछ वर्षों में लिए गए फैसले हैं।

सुरक्षा चुनौतियों और अंतरराष्ट्रीय आलोचनाओं के बाद भी ट्रंप के साथ उनके घनिष्ठ संबंध उनकी राजनीतिक रणनीति का एक प्रमुख तत्व रहे हैं।

ADVERTISEMENT