उत्तर कोरियाई हैकर्स ने दर्जनों अमेरिकी कंपनियों में लगाई सेंध, न्याय विभाग ने लगाया आरोप
क्या है खबर?
अमेरिका के न्याय विभाग ने चेतावनी दी है कि उत्तर कोरियाई सरकार के लिए काम करने वाले हैकर कंपनियों को हैक करने के लिए अब ज्यादातर अमेरिकियों की मदद ले रहे हैं। सरकारी वकीलों ने बताया कि उन्होंने 2 लोगों पर आरोप तय करके उन्हें गिरफ्तार किया है और टेक्सास में कई संदिग्ध लैपटॉप फार्म की तलाशी ली है। आरोप है कि दूर बैठे हैकर इन कंप्यूटर्स का इस्तेमाल कंपनियों को हैक करने और डाटा चुराने के लिए करते थे।
आरोप
कंपनियों ने जासूसों को भेजे कंप्यूटर
विभाग के अनुसार, फेडरल अधिकारियों ने 180 से ज्यादा कंप्यूटर जब्त किए।
उनका मानना है कि अमेरिकी कंपनियों ने ये कंप्यूटर अपने नए कर्मचारियों को भेजे थे, जिन्हें यह पता नहीं था कि वे असल में उत्तर कोरिया के प्रतिबंधित जासूस हैं।
उन्होंने नौकरी पाने के लिए अमेरिकी नागरिकों की चोरी की गई पहचान का इस्तेमाल किया था।
उसने बताया कि उसने टेक्सास में 40 से ज्यादा लैपटॉप फार्म पर छापेमारी की गई, जिनकी मदद 2 अमेरिकियों ने की।
असर
इन क्षेत्रों की कंपनियों पर पड़ा असर
सरकारी वकीलों ने बताया कि हैकर्स ने अमेरिका की कम से कम 70 कंपनियों में सेंध लगाई थी और उन्होंने डाटा चोरी के जरिए लगभग 30 लाख डॉलर (करीब 28 करोड़ रुपये) कमाए थे।
न्याय विभाग के अनुसार, प्रभावित कंपनियां हेल्थकेयर, साइबर सपोर्ट, रिटेल, कम्युनिकेशन और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर से जुड़ी थीं।
क्राउडस्ट्राइक ने कहा कि लैपटॉप फार्म हैकर्स को अमेरिका में मौजूद न होने की वजह से आने वाली फिजिकल, फाइनेंशियल और कानूनी चुनौतियों से निपटने में मदद करते हैं।