दिल्ली में ई-रिक्शा का पंजीयन जरूरी होगा, 2.5 लाख से ज्यादा नहीं चलेंगे; मसौदा नीति जारी
क्या है खबर?
दिल्ली सरकार जल्द ही ई-रिक्शा को लेकर नीति लाने की तैयारी कर रही है। इस संबंध में आम लोगों से विचार जानने के लिए नीति का मसौदा जारी किया गया है। इसके तहत दिल्ली में कुल ई-रिक्शा की संख्या 2.5 लाख तक सीमित करने का प्रावधान है। साथ ही एक व्यक्ति के नाम पर अधिकतम 5 ई-रिक्शा ही चलाए जा सकेंगे। सरकार ने लोगों और हितधारकों से 30 दिनों के भीतर नीति पर अपनी राय मांगी है।
पंजीयन
बिना ECC नहीं चल सकेंगे ई-रिक्शा
प्रस्तावित नीति के तहत, किसी भी ई-रिक्शा को तब तक चलने की अनुमति नहीं दी जाएगी, जब तक कि वह ट्रांसपोर्ट वाहन के रूप में पंजीकृत न हो और उसे एक वैध ई-रिक्शा अनुपालन प्रमाणपत्र (ECC) जारी न किया गया हो।
ECC डिजिटल रूप से जारी किया जाएगा और 2 साल तक मान्य रहेगा। इसमें रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट का विवरण, मालिक और ड्राइवर की जानकारी, बैटरी की स्थिति और फिटनेस और बीमा दस्तावेजों की वैधता की जानकारी होगी।
अन्य प्रावधान
नीति में इन शर्तों का भी जिक्र
दिल्ली का निवासी एक व्यक्ति केवल 5 ई-रिक्शा ही संचालित कर पाएगा। वहीं, कंपनियों, फर्मों, NGO, सहकारी समितियों और ड्राइविंग स्कूलों को 100 ई-रिक्शा तक रखने की अनुमति होगी।
सभी ड्राइवरों को वैध ई-रिक्शा ड्राइविंग लाइसेंस और PSV बैज रखना होगा।
ई-रिक्शा को लागू बैटरी मानकों का पालन करना होगा और इस्तेमाल की गई बैटरियों का निपटान पंजीकृत रिसाइकल कंपनियों के माध्यम से करना होगा।
चालक को छोड़कर अधिकतम 4 यात्री और 40 किलोग्राम सामान लादा जा सकेगा।