कौन है चिन्मय सुतार? जिन्होंने रणजी ट्रॉफी में जड़ दिए 400 रन
क्या है खबर?
मिजोरम क्रिकेट टीम के बल्लेबाज चिन्मय सुतार ने सोमवार को सोविमा के क्रिकेट स्टेडियम में रणजी ट्रॉफी के प्लेट डिवीजन मुकाबले में नागालैंड के खिलाफ 400 रन की शानदार पारी खेली। इसके साथ ही वह रणजी ट्रॉफी में 400 रन का आंकड़ा छूने वाले सिर्फ दूसरे बल्लेबाज बन गए। उनसे पहले यह उपलब्धि बीबी निंबालकर ने हासिल की थी। उन्होंने साल 1948 में महाराष्ट्र की ओर से खेलते हुए पुणे में नाबाद 443 रन बनाए थे।
प्रथम श्रेणी
प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 400 रन बनाने वाले 10वें खिलाड़ी
सुतार प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 400 रन बनाने वाले केवल 10वें बल्लेबाज बने हैं। इसके साथ ही उन्होंने ब्रायन लारा, डॉन ब्रैडमैन जैसे दिग्गज बल्लेबाजों की सूची में जगह बना ली है।
लारा ने 1994 में वार्विकशायर की ओर से खेलते हुए डरहम के खिलाफ नाबाद 501 रन की ऐतिहासिक पारी खेली थी।
इसके बाद 2004 में उन्होंने एक बार फिर 400 रन का आंकड़ा पार किया था।
वहीं, पाकिस्तान के हनीफ मोहम्मद 499 रन बना चुके हैं।
पारी
ऐसी रही सुतार की पारी और साझेदारी
सुतार ने पारी में 46 चौके और 7 छक्के लगाए। जब आखिरी बल्लेबाज लालरेमपुइया क्रीज पर आए, तब सुतार 231 रन पर थे।
इसके बाद उन्होंने अपनी पारी को आगे बढ़ाते हुए 400 रन का ऐतिहासिक आंकड़ा छुआ। सुतार ने 517 गेंदों का सामना किया।
उनकी इस यादगार पारी की बदौलत मिजोरम ने 9 विकेट पर 581 रन बनाकर अपनी पारी घोषित कर दी।
आखिरी विकेट के लिए इस खिलाड़ी ने 277 गेंदों में 189 रन की साझेदारी निभाई।
डेब्यू
सुतार मुंबई के लिए भी खेल चुके हैं
सुतार ने इसी महीने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में डेब्यू किया था। दूसरी पारी में उन्होंने 99 रन बनाए थे।
उन्होंने जनवरी में विजय हजारे ट्रॉफी के दौरान महाराष्ट्र के खिलाफ मुंबई की ओर से अपना पहला लिस्ट-ए मुकाबला खेला था। उस मैच में वह 2 रन बनाकर आउट हुए थे।
मुकाबले में यशस्वी जायसवाल और शार्दुल ठाकुर जैसे खिलाड़ी भी थे।
सुतार 2019 में एशियन क्रिकेट काउंसिल के इमर्जिंग टीम्स कप में भारत की ओर से खेल चुके हैं।
साझेदारी
आखिरी विकेट के लिए रणजी ट्रॉफी में तीसरी सबसे बड़ी साझेदारी
सुतार और लालरेमपुइया के बीच हुई साझेदारी रणजी ट्रॉफी के इतिहास में आखिरी विकेट के लिए तीसरी सबसे बड़ी साझेदारी है।
यह रिकॉर्ड 233 रन की सर्वकालिक सर्वश्रेष्ठ साझेदारी से 43 रन कम है।
दिल्ली की ओर से खेलते हुए अजय शर्मा और मनिंदर सिंह ने 1991-92 के सत्र में मुंबई के खिलाफ यह कीर्तिमान बनाया था।
उस दौरान अजय शर्मा ने 259 और मनिंदर सिंह ने 78 रन की पारी खेली थी।