मंधाना की कप्तानी में हरमनप्रीत का मार्गदर्शन आएगा काम, BCCI अध्यक्ष ने दी धोनी-कोहली की मिसाल
क्या है खबर?
हाल ही में हरमनप्रीत कौर ने भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तानी छोड़ी थी और स्मृति मंधाना को नया कप्तान नियुक्त किया गया था। कप्तानी में इस बदलाव के बाद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के अध्यक्ष मिथुन मन्हास ने अपनी चुप्पी तोड़ी है। मन्हास ने इसे समझाने के लिए महेंद्र सिंह धोनी और विराट कोहली के बीच हुए कप्तानी के बदलाव की मिसाल भी दी। आइए जानते हैं उन्होंने क्या कुछ कहा।
बयान
कप्तानी में सीनियर खिलाड़ी का मार्गदर्शन आएगा काम
स्पोर्टस्टार से मन्हास ने कहा, "मेरा हमेशा से मानना रहा है कि कप्तानी की जिम्मेदारी तब सौंपी जानी चाहिए जब मार्गदर्शन के लिए कोई सीनियर खिलाड़ी साथ हो। कप्तानी आसान नहीं होती, चाहे आप कितने भी अनुभवी क्यों न हों।"
बता दें कि मंधाना को हरमनप्रीत के बाद कप्तानी का दावेदार माना जाता था और वह उपकप्तान थी।
उन्होंने हरमनप्रीत की गैरमौजूदगी में भारत की ओर से 18 टी-20 अंतरराष्ट्रीय और 4 वनडे में कप्तानी की थी।
मिसाल
मन्हास ने दी धोनी-कोहली वाली मिसाल
मन्हास ने मिसाल देते हुए कहा कि सौरव गांगुली कप्तानी छोड़ने के बाद भी टीम में बने रहे और उन्होंने महेंद्र सिंह धोनी का मार्गदर्शन किया था।
इसी क्रम में धोनी ने 2017 में कोहली को कप्तानी सौंपी थी। मन्हास ने उम्मीद जताई कि महिला टीम भी पुरुष टीम की ही तरह ये बदलाव झेलेगी।
मन्हास ने आगे कहा, "ऐसे हालात आएंगे जब आपको फैसले लेने होंगे। इसलिए मुझे लगता है कि हरमनप्रीत, स्मृति के लिए मददगार साबित होंगी।"
कप्तानी
ऐसा रहा हरमनप्रीत की कप्तानी का रिपोर्ट कार्ड
हरमनप्रीत ने 155 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में भारत की कप्तानी की थी, जिसमें भारतीय टीम को 94 मैचों में जीत और 54 मैचों में हार (बेनतीजा-7) झेली थी।
उन्होंने कुल 51 वनडे मैचों में कप्तानी की, जिसमें 33 मैचों में जीत दर्ज की थी और 16 मैचों में उन्हें हार मिली थी।
उन्होंने कुल 8 टेस्ट में भारतीय टीम का नेतृत्व किया, जिसमें 4 मैचों में जीत मिली, जबकि 3 मैच ड्रा रहे और 1 मैच में हार मिली थी।