गेटी इमेजेज क्यों करने जा रही दिवालिया प्रक्रिया के लिए आवेदन?
क्या है खबर?
गेटी इमेजेस अपने वित्तीय हालात सुधारने के लिए दिवालिया प्रक्रिया के तहत आवेदन करने की तैयारी कर रही है। कंपनी की योजना निवेश जुटाकर कर्ज और वित्तीय व्यवस्था को बेहतर बनाने की है। इसके लिए उसे कोच इक्विटी डेवलपमेंट और गेटी परिवार से 53.3 करोड़ डॉलर तक की नई पूंजी मिलने की उम्मीद है। कंपनी का लक्ष्य इस प्रक्रिया को साल के अंत तक पूरा करना है। उसका कहना है कि रोजमर्रा का कारोबार पहले की तरह चलता रहेगा।
विलय योजना
शटरस्टॉक के साथ विलय की योजना विफल होना बड़ी वजह
गेटी इमेजेस की आर्थिक मुश्किलें बढ़ने की एक बड़ी वजह शटरस्टॉक के साथ उसका प्रस्तावित विलय पूरा नहीं होना है।
दोनों कंपनियों के बीच 3.7 अरब डॉलर का सौदा प्रस्तावित था, लेकिन ब्रिटेन की प्रतिस्पर्धा नियामक संस्था ने मंजूरी के लिए शटरस्टॉक के संपादकीय कारोबार को बेचने की शर्त रखी।
गेटी इमेजेस इस शर्त से सहमत नहीं हुई। कंपनी के मुताबिक, इस सौदे की तैयारी में पेशेवर सेवाओं और वित्तीय खर्चों पर 10 करोड़ डॉलर से अधिक खर्च हुए।
आर्थिक मदद
कोच इक्विटी डेवलपमेंट और गेटी परिवार देंगे आर्थिक मदद
वित्तीय स्थिति सुधारने के लिए गेटी इमेजेस को कोच इक्विटी डेवलपमेंट से नई पूंजी मिलने का प्रस्ताव है।
इससे जुड़ी कंपनियां 53.3 करोड़ डॉलर तक निवेश करने की प्रतिबद्धता जता चुकी हैं। गेटी परिवार और कर्ज देने वाले समूह भी इस योजना में सहयोग करेंगे। इससे उसकी वित्तीय स्थिति मजबूत होगी और कारोबार में नए निवेश के लिए अधिक पैसा उपलब्ध होगा।
गेटी इमेजेस ने यह भी कहा है कि पुनर्गठन योजना में कर्मचारियों की छंटनी शामिल नहीं है।
चुनौती
AI से बढ़ी चुनौती
गेटी इमेजेस को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से भी चुनौती मिल रही है।
AI टूल्स की मदद से लोग आसानी से तस्वीरें बना पा रहे हैं, जिससे कंपनी के आईस्टॉक कारोबार में मांग प्रभावित हुई है। कंपनी अब वास्तविक घटनाओं की तस्वीरों वाले अपने संपादकीय संग्रह से कमाई बढ़ाने पर ध्यान दे रही है।
दूसरी ओर, कंपनी के सालाना सब्सक्राइबर की संख्या 3.21 लाख से घटकर 2.41 लाख रह गई है।