पश्चिमी तट पर मानसून की रफ्तार धीमी क्यों? IMD ने की यह भविष्यवाणी
पश्चिमी तट के रत्नागिरी से लेकर तिरुवनंतपुरम तक के इलाकों को अभी जो मानसून की बारिश हो रही है, बुधवार के बाद उसकी रफ्तार धीमी पड़ जाएगी। इसकी वजह है कि हिमालय की ओर एक पश्चिमी विक्षोभ बढ़ रहा है। इसी के चलते गोवा, कर्नाटक और केरल में हो रही भारी बारिश में कमी आएगी। भारतीय मौसम विभाग (IMD) का कहना है कि 17 जून तक मानसून की आगे बढ़ने की गति धीमी ही रहेगी।
अरब सागर का परिसंचरण जारी रख रहा है बारिश
अरब सागर के ऊपर बना एक चक्रवाती परिसंचरण अभी भी दक्षिण गोवा, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में बारिश करवा रहा है। वहीं मुंबई को अभी अपने असली मानसून का इंतज़ार है, क्योंकि यहां हवाएं कमजोर बनी हुई हैं। हालांकि, कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि 22 से 23 जून के करीब आंध्र प्रदेश और ओडिशा तट के पास एक नया चक्रवाती परिसंचरण बन सकता है। इससे मध्य भारत और पश्चिमी तट के उत्तरी इलाकों में मानसून को फिर से अच्छी गति मिल सकती है।