दिल्ली जिमखाना क्लब पर राष्ट्रीय सुरक्षा का शिकंजा, 5 जून तक खाली करने का आदेश
दिल्ली का मशहूर जिमखाना क्लब को सरकार ने अपनी सफदरजंग रोड वाली विशाल जगह 5 जून तक खाली करने को कहा है। यह क्लब 1913 से संचालित हैं और इसके पूर्व सैनिक, राजनयिक और शीर्ष अधिकारी समेत करीब 11,000 पंजीकृत सदस्य हैं। सरकार ने इसके पीछे राष्ट्रीय सुरक्षा और कुछ सार्वजनिक परियोजनाओं के लिए जमीन की जरूरत का हवाला दिया है, लेकिन क्लब के सदस्य इस आदेश को हल्के में नहीं ले रहे हैं। वे कानूनी लड़ाई लड़ने के लिए कमर कस रहे हैं।
सदस्य दिल्ली हाई कोर्ट से रोक की मांग करेंगे
क्लब के सदस्य बेदखली पर रोक लगाने के लिए दिल्ली हाई कोर्ट जाने की योजना बना रहे हैं। उनकी उम्मीद है कि वे अपने इस ऐतिहासिक ठिकाने को अचानक छीने जाने से बचा पाएंगे। सदस्यों का कहना है कि क्लब छिन जाने से दशकों से किया गया निवेश, कर्मचारियों की नौकरियां और दिल्ली की सांस्कृतिक पहचान का एक बड़ा हिस्सा दांव पर लग जाएगा। कानूनी जानकारों का मानना है कि पूरा मामला लीज की शर्तों और यह देखा जाएगा कि क्या इसमें सही कानूनी प्रक्रिया का पालन किया गया है, खासकर जब 'राष्ट्रीय सुरक्षा' का मुद्दा शामिल हो।