मांग बढ़ाने के लिए सोने पर दी जा रही 450 रुपये प्रति ग्राम की छूट
सरकार ने सोने के आयात पर सीमा शुल्क बढ़ा दिया है। अब आयातित सोना, चांदी और प्लैटिनम पर 6 फीसदी की जगह 15 फीसदी शुल्क देना होगा। यह 13 मई से लागू हो गया है।
इसका मुख्य उद्देश्य आयात कम करके देश की विदेशी मुद्रा को बचाना है। इस फैसले के बाद भारत में बिकने वाले और आयातित सोने की कीमत के बीच का अंतर (छूट) काफी बढ़ गई है।
यह छूट अब लगभग 462 रुपये प्रति ग्राम तक पहुंच गई है, जो पहले से कहीं ज्यादा है।
मांग में कमी से बढ़ सकती है तस्करी
पिछले दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से सोना खरीदने से बचने की अपील की है। साथ ही, सोने की बढ़ती कीमतों का असर भी इसकी मांग पर पड़ा है।
बड़े-बड़े ज्वैलरी चेन शादी के सीजन की बिक्री से किसी तरह काम चला रहे हैं, लेकिन छोटे दुकानदारों को ग्राहक नहीं मिल रहे और उनका मुनाफा भी घट रहा है।
वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल का अनुमान है कि 2026 में ज्वैलरी, सोने के बिस्किट और सिक्कों की कुल मांग 2025 के मुकाबले करीब 10 फीसदी घट सकती है, जो 50 से 60 टन के बराबर होगा।
ऐसे में जब लोग सस्ता सोना खरीदने की कोशिश करेंगे तो इसकी तस्करी बढ़ने की आशंका है।